निर्भया कांड: SC के फैसले पर बिहार की नजर, परिजनों के साथ सोशल मीडिया

पटना  दिल्‍ली की पैरा मेडिकल छात्रा निर्भया (काल्‍पनिक नाम) के साथ गैंग रेप व हत्‍या मामले में फांसी की सजा पाए दोषियों की अपील पर शुक्रवार को सुप्रीम कोर्ट अपना फैसला सुनाएगी। निचली अदालत और दिल्ली हाईकोर्ट ने कांड के चार दोषियों मुकेश, पवन, अक्षय और विनय को फांसी की सजा सुनाई है।
सुप्रीम कोर्ट के आज के फैसले पर बिहार के लोगों की भी नजर है। सोशल मीडिया भी इसपर लोगों की राय से भर गई है। लोग पीड़ित परिवार के साथ हैं। उन्‍होंने दोषियों के लिए फांसी की सजा मिलने की उम्‍मीद जताई है। ट्विटर पर हैशटैग #Nirbhaya टॉप ट्रेंड कर रहा है।
घटनाक्रम, एक नजर 
विदित हो कि बीते 16 दिसंबर 2012 को दिल्ली में पैरा मेडिकल की छात्रा निर्भया गैंग रेप के दौरान अमानवीय व्यवहार की शिकार हुई थी। इस कारण उसकी मौत हो गई थी। इस कांड ने पूरे देश को हिलाकर रख दिया था। बाद में साकेत (दिल्‍ली) की फास्ट ट्रैक कोर्ट ने सितंबर 2013 में चारों दोषियों को फांसी की सजा सुनाई, जिसपर दिल्ली हाईकोर्ट ने 13 मार्च 2014 को मुहर लगा दी। इसके बाद दोषियों ने सुप्रीम कोर्ट में अपील दाखिल की। कांड का एक आरोपी नाबालिग होने के कारण अपनी सजा पूरी कर छूट चुका है।
सुप्रीम कोर्ट इस मामले में चारों दोषियों (मुकेश, पवन, विनय शर्मा और अक्षय कुमार सिंह) की अपील पर 27 मार्च को अपना फैसला सुरक्षित रखा था। अब कोर्ट शुक्रवार को दो बजे अपना फैसला सुनाएगी। इस फैसले पर पूरे देश की तरह बिहार की भी नजर है। 
पीड़ित परिवार के साथ सोशल मीडिया
पीड़िता के परिवार ने दोषियों की मौत की सजा बरकरार रखने की मांग की है। इसके समर्थन में सोशल मीडिया पर लोगों ने कमेंट किए  हैं। ट्विटर पर मनोज मेहरा ने लिखा है कि दोषियों को सजा-ए-मौत मिलनी चाहिए।
ट्विटर पर डोना राधाकृष्‍णन ने लिखा है कि बलात्‍कारी मौत की सजा के हकदार हैं। उन्‍हें सबसे बड़ी सजा दी जानी चाहिए। प्रिया पाठक व शेफाली वैद्य आदि सैकड़ों लोगों ने दोषियों के लिए फांसी की सजा की उम्‍मीद जताई है। ट्विटर पर  अंशुल सक्‍सेना ने घटना के नाबालिग दोषी को सजा देने के किसी कानूनी उपाय को लेकर सवाल किया है। हां, कुछ लोगों ने रियायत की उम्‍मीद भी जताई है।
फैसले पर बिहार की नजर 
उधर, बिहार में भी लोगों की नजर इस फैसले पर टिकी है। लोग इस घटना की चर्चा कर रहे हैं। सुप्रीम कोर्ट के संभावित फैसले को लेकर भी चर्चाएं हो रही हैं।